नैनबाग तहसील दिवस में जनता की समस्याओं पर सख्त हुईं डीएम, 170 शिकायतों पर अफसरों को समयबद्ध कार्रवाई के निर्देश
स्वास्थ्य, सड़क, पेयजल, पर्यटन, खेल, पुलिस चौकी, एसडीआरएफ और फायर ब्रिगेड सहित कई अहम मुद्दों पर हुई सुनवाई, विकास कार्यों को लेकर विभागों की जवाबदेही तय।

नैनबाग (टिहरी गढ़वाल)। नैनबाग तहसील दिवस में मंगलवार को जिलाधिकारी नितिका खंडेलवाल ने जनता की समस्याओं को गंभीरता से सुनते हुए अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि प्रत्येक शिकायत का समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण समाधान सुनिश्चित किया जाए। राजकीय महाविद्यालय नैनबाग में आयोजित तहसील दिवस में विभिन्न विभागों से जुड़ी 170 शिकायतें और विकास संबंधी मांगें डीएम के समक्ष रखी गईं।
कार्यक्रम में ब्लॉक प्रमुख सीता पंवार, उपजिलाधिकारी कमलेश मेहता, जिला विकास अधिकारी मो. असलम, जनप्रतिनिधि, विभागीय अधिकारी और बड़ी संख्या में स्थानीय लोग मौजूद रहे।
बैठक में स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार, सड़क निर्माण, पेयजल, सिंचाई, जल निकासी, पर्यटन विकास, खेल सुविधाओं, पुलिस चौकी उच्चीकरण, अग्निशमन सेवा और ठोस अपशिष्ट प्रबंधन जैसे अहम मुद्दे प्रमुखता से उठाए गए।
जिला पंचायत सदस्य जोत सिंह रावत ने प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र को उपजिला चिकित्सालय में उच्चीकृत करने की मांग उठाई। डीएम ने बताया कि इसका प्रस्ताव पहले ही शासन को भेजा जा चुका है। वहीं कई लंबित मोटर मार्गों और विकास कार्यों पर संबंधित विभागों को तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए गए।
मोगी और पाब गांव की पेयजल योजना, नैनबाग की जल निकासी, आपदा से क्षतिग्रस्त गूलों के पुनर्निर्माण, कूड़ा निस्तारण, पर्यटन विकास, शिक्षा विभाग की लंबित नियुक्ति, पुलिस चौकी उच्चीकरण और एसडीआरएफ व फायर ब्रिगेड यूनिट स्थापित करने जैसी मांगों पर भी जिलाधिकारी ने संबंधित विभागों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
तहसील दिवस में स्थानीय लोगों ने प्रसिद्ध निशानेबाज स्वर्गीय जसपाल राणा की प्रतिमा और द्रोणाचार्य द्वार के निर्माण की मांग भी रखी। इस पर डीएम ने खेल विभाग और युवा कल्याण विभाग को संयुक्त प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश दिए।
बैठक के अंत में जिलाधिकारी ने दोहराया कि जनता की समस्याओं का समाधान सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है और किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।



