फर्जी मेडिकल पर तबादला कराने वालों की अब खैर नहीं, दोबारा होगी जांच; गंभीर बीमार शिक्षकों को मिलेगी अनिवार्य सेवानिवृत्ति
शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत का बड़ा फैसला, निदेशालय स्तर पर बनेगा विशेष मेडिकल बोर्ड, 55 दिन के अतिरिक्त समय में शुरू होगी तबादला प्रक्रिया

देहरादून। उत्तराखंड में इस बार शिक्षकों के तबादलों में फर्जी मेडिकल प्रमाणपत्रों के सहारे मनचाही तैनाती कराने वालों पर सरकार सख्त कार्रवाई के मूड में है। शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने स्पष्ट किया है कि मेडिकल आधार पर स्थानांतरण का लाभ लेने वाले सभी शिक्षकों के स्वास्थ्य दावों की दोबारा जांच कराई जाएगी। इसके लिए निदेशालय स्तर पर विशेष मेडिकल बोर्ड गठित करने के निर्देश जारी कर दिए गए हैं।
शिक्षा मंत्री ने कहा कि यदि जांच में किसी शिक्षक का मेडिकल प्रमाणपत्र फर्जी या तथ्यों के विपरीत पाया जाता है तो उसके खिलाफ कड़ी विभागीय कार्रवाई की जाएगी। इतना ही नहीं, जिन परिजनों—माता-पिता, सास-ससुर, पति-पत्नी या बच्चों—की गंभीर बीमारी का हवाला देकर स्थानांतरण मांगा गया है, उनका भी स्वास्थ्य परीक्षण कराया जाएगा और राज्य स्तरीय चिकित्सा बोर्ड से जारी प्रमाणपत्रों का सत्यापन होगा।
डॉ. रावत ने बताया कि सरकार को लगातार शिकायतें मिल रही थीं कि पिछले वर्षों में कुछ शिक्षकों ने फर्जी मेडिकल प्रमाणपत्रों के जरिए नियमों में छूट लेकर अपनी पसंद के विद्यालयों में तैनाती हासिल की। अब ऐसी अनियमितताओं पर पूरी तरह रोक लगाने के लिए सख्त व्यवस्था लागू की जा रही है।
उन्होंने यह भी कहा कि जो शिक्षक और शिक्षणेत्तर कर्मचारी वास्तव में गंभीर बीमारी से ग्रस्त हैं या शारीरिक रूप से अपने दायित्व निभाने में सक्षम नहीं हैं, उन्हें अनिवार्य सेवानिवृत्ति दी जाएगी। इसके लिए सभी मुख्य शिक्षा अधिकारियों को अपने-अपने जिलों में गंभीर रूप से बीमार एवं शारीरिक रूप से अक्षम कर्मचारियों की सूची तैयार कर शीघ्र निदेशालय भेजने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि समयबद्ध कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।
55 दिन का अतिरिक्त समय, जल्द शुरू होंगे तबादले
शिक्षा मंत्री ने बताया कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की मंजूरी के बाद शिक्षा विभाग को शिक्षकों के स्थानांतरण के लिए 55 दिन का अतिरिक्त समय मिल गया है। विभाग जल्द ही ऑनलाइन आवेदन आमंत्रित करेगा और रिक्त पदों के अनुसार पारदर्शी प्रक्रिया के तहत शिक्षकों की तैनाती की जाएगी।



