सुक्तियाणा में योग की अलख, महिलाओं, युवाओं और बच्चों ने बढ़-चढ़कर लिया भाग
सुक्तियाणा में आयोजित योग शिविर में बुजुर्गों, युवाओं, महिलाओं और बच्चों ने लिया हिस्सा, योगाचार्य सविता गौड़ ने कराए विभिन्न योगासन एवं प्राणायाम

रिपोर्ट –मुकेश रावत
थत्यूड़ (टिहरी)। अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर रविवार को जौनपुर विकासखंड की ग्राम सभा ब्रह्मसारी के सुक्तियाणा में योग शिविर का आयोजन किया गया। ग्राम प्रधान सरस्वती रावत के सहयोग से आयोजित शिविर में बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने उत्साहपूर्वक भाग लेकर योग के माध्यम से स्वस्थ जीवन का संकल्प लिया।
योगाचार्य सविता गौड़ ने आयुष मंत्रालय के निर्धारित प्रोटोकॉल के अनुसार प्रतिभागियों को विभिन्न योगासन एवं प्राणायाम का अभ्यास कराया। शिविर में बुजुर्गों, युवाओं, महिलाओं तथा बच्चों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। इस दौरान वज्रासन, सिंहासन सहित कई लाभकारी योगासनों का अभ्यास कराया गया तथा योग के शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य पर पड़ने वाले सकारात्मक प्रभावों की जानकारी दी गई।
योगाचार्य सविता गौड़ ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय योग दिवस केवल एक आयोजन नहीं, बल्कि स्वस्थ और संतुलित जीवन की ओर बढ़ने का अभियान है। उन्होंने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में योग के प्रति जागरूकता बढ़ाना समय की आवश्यकता है। अक्सर लोग दैनिक श्रम को ही पर्याप्त व्यायाम मान लेते हैं, जबकि योग शरीर, मन और आत्मा को संतुलित रखने का सशक्त माध्यम है। उन्होंने भविष्य में ब्रह्मसारी में और भी बड़े स्तर पर योग शिविर आयोजित करने की बात कही।
ग्राम प्रधान सरस्वती रावत ने सभी ग्रामीणों को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि बदलती जीवनशैली और अनियमित खानपान के कारण अनेक बीमारियां तेजी से बढ़ रही हैं। ऐसे में योग स्वस्थ जीवन का सबसे सरल, सुलभ और प्रभावी उपाय है। उन्होंने युवाओं से नियमित रूप से योग को अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाने का आह्वान किया। साथ ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि उनके नेतृत्व में भारतीय योग को वैश्विक पहचान मिली है।
कार्यक्रम में भाजपा मंडल अध्यक्ष सुनील थपलियाल, महामंत्री अकवीर पंवार, हीरामणि गौड़, पृथ्वी सिंह रावत, खेमराज भट्ट, कुलबीर रावत, विनोद राणा, दिनेश रावत, प्रमोद चमोली, सुमेर पंवार, प्रवीण असवाल, विनीता रावत, मीना सहित बड़ी संख्या में मातृशक्ति, बच्चे और ग्रामीण उपस्थित रहे।



