तेज दर्द के बाद अस्पताल पहुंचा मरीज, डॉक्टरों ने ऑपरेशन कर बचाया अंडकोष
श्री देव सुमन चिकित्सालय नरेंद्रनगर में टेस्टिकुलर टॉर्शन का सफल आपातकालीन ऑपरेशन, समय पर उपचार से टली अंडकोष निकालने की नौबत

नरेंद्रनगर/टिहरी गढ़वाल, 8 अक्टूबर। श्री देव सुमन चिकित्सालय, नरेंद्रनगर में चिकित्सकों ने टेस्टिकुलर टॉर्शन से पीड़ित मरीज का सफल आपातकालीन ऑपरेशन कर अंडकोष को बचाने में सफलता हासिल की है। मरीज को तेज अंडकोष के दर्द की शिकायत के बाद अस्पताल की इमरजेंसी में लाया गया था। जांच और अल्ट्रासाउंड में टेस्टिकुलर टॉर्शन की पुष्टि होने पर चिकित्सकों ने बिना देरी किए तत्काल सर्जरी का निर्णय लिया।
मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. अमित राय ने बताया कि मरीज को हाई ब्लड प्रेशर के साथ सीओपीडी संबंधी समस्या भी थी। इसके बावजूद चिकित्सकों और एनेस्थीसिया टीम के समन्वय से ऑपरेशन सफलतापूर्वक किया गया। सर्जरी के दौरान अंडकोष की मरोड़ खोलने के बाद उसमें रक्त प्रवाह संतोषजनक पाया गया। इससे अंडकोष को निकालने की आवश्यकता नहीं पड़ी।
ऑपरेशन के बाद मरीज की स्थिति सामान्य बताई जा रही है। चिकित्सकों के अनुसार मरीज अब स्वस्थ और आरामदायक स्थिति में है तथा उसे अस्पताल से छुट्टी दी जा रही है।
यह आपातकालीन उपचार मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. अमित राय के मार्गदर्शन में किया गया। सर्जिकल टीम में जनरल सर्जन डॉ. दीपाशा वर्मा और एनेस्थेटिस्ट डॉ. अनुराग अग्रवाल की महत्वपूर्ण भूमिका रही। नर्सिंग स्टाफ गीता और वार्ड बॉय विपिन ने भी उपचार के दौरान सहयोग किया।
समय पर उपचार से बच सकता है अंडकोष
चिकित्सकों ने बताया कि टेस्टिकुलर टॉर्शन एक ऐसी आपातकालीन स्थिति है, जिसमें अंडकोष की रक्त आपूर्ति प्रभावित हो सकती है। ऐसे मामलों में समय पर जांच और तत्काल सर्जरी बेहद महत्वपूर्ण होती है। देरी होने पर अंडकोष को नुकसान पहुंचने का खतरा बढ़ सकता है। इस मामले में समय पर मरीज के अस्पताल पहुंचने और चिकित्सकों द्वारा तत्काल उपचार शुरू किए जाने से अंडकोष को बचाने में सफलता मिली।



