मसूरी के रॉक स्टोन पर चला एमडीडीए का बुलडोजर, अपर माल रोड पर अनाधिकृत निर्माण ध्वस्त
सुनवाई के बाद एमडीडीए की कार्रवाई, जवाब संतोषजनक नहीं मिलने पर ध्वस्तीकरण के आदेश; उपाध्यक्ष बोले- नियमों से खिलवाड़ करने वालों को नहीं मिलेगी छूट

देहरादून, 7 सितंबर 2026। मसूरी के अपर माल रोड स्थित रॉक स्टोन में अनाधिकृत निर्माण के खिलाफ मसूरी देहरादून विकास प्राधिकरण (एमडीडीए) ने सोमवार को बड़ी कार्रवाई की। प्राधिकरण की टीम ने मौके पर पहुंचकर अनाधिकृत निर्माण को बुलडोजर से ध्वस्त कर दिया। कार्रवाई के दौरान अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि मसूरी जैसे संवेदनशील क्षेत्र में भवन निर्माण के नियमों की अनदेखी किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
एमडीडीए के अनुसार रॉक स्टोन में संजय मेहरोत्रा और राजीव मेहरोत्रा द्वारा किए गए अनाधिकृत निर्माण के संबंध में नियमानुसार वाद दायर किया गया था। प्राधिकरण की ओर से संबंधित पक्ष को अपना पक्ष रखने का पूरा अवसर दिया गया। सुनवाई के दौरान प्रस्तुत जवाब का नियमानुसार परीक्षण किया गया, लेकिन जवाब निर्माण को नियमों के अनुरूप ठहराने के लिए पर्याप्त नहीं पाया गया। इसके बाद प्राधिकरण ने ध्वस्तीकरण के आदेश पर कार्रवाई करते हुए निर्माण को ध्वस्त कर दिया।
संवेदनशील क्षेत्र में अनाधिकृत निर्माण पर सख्ती
मसूरी का अपर माल रोड क्षेत्र पर्यटन की दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण होने के साथ ही भौगोलिक और पर्यावरणीय रूप से संवेदनशील माना जाता है। ऐसे में यहां अनियोजित और अनाधिकृत निर्माण को लेकर एमडीडीए ने सख्त रुख अपनाया है।
प्राधिकरण ने स्पष्ट किया कि पर्वतीय क्षेत्रों में भवन निर्माण के लिए स्वीकृत मानचित्र, निर्धारित मानकों और आवश्यक अनुमतियों का पालन करना अनिवार्य है। बिना अनुमति निर्माण अथवा स्वीकृत मानचित्र के विपरीत किए गए निर्माण के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
कानूनी प्रक्रिया के बाद हुई कार्रवाई
एमडीडीए के मुताबिक रॉक स्टोन प्रकरण में संबंधित पक्ष के खिलाफ उत्तराखण्ड (उत्तर प्रदेश नगर योजना एवं विकास अधिनियम, 1973) यथासंशोधित की सुसंगत धाराओं के तहत वाद योजित किया गया था। कार्रवाई से पहले विपक्षी पक्ष को सुनवाई का पर्याप्त अवसर दिया गया। सुनवाई में प्रस्तुत प्रतिउत्तर का परीक्षण करने के बाद प्राधिकरण ने इसे संतोषजनक नहीं पाया। इसके बाद नियमानुसार ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की गई।
नियमों का पालन जरूरी: बंशीधर तिवारी
एमडीडीए के उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी ने कहा कि प्राधिकरण की प्राथमिकता देहरादून और मसूरी क्षेत्र में नियोजित एवं नियमबद्ध विकास सुनिश्चित करना है। प्रत्येक निर्माणकर्ता के लिए स्वीकृत मानचित्र और निर्धारित मानकों का पालन करना आवश्यक है।
उन्होंने कहा कि रॉक स्टोन प्रकरण में संबंधित पक्ष को अपना पक्ष रखने का पर्याप्त अवसर दिया गया था। सुनवाई के बाद जवाब संतोषजनक नहीं पाए जाने पर नियमानुसार ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की गई। उन्होंने स्पष्ट किया कि प्राधिकरण किसी व्यक्ति या संस्था के खिलाफ कार्रवाई से पहले निर्धारित कानूनी प्रक्रिया का पालन करता है।
तिवारी ने कहा कि मसूरी की भौगोलिक एवं पर्यावरणीय संवेदनशीलता को देखते हुए अनाधिकृत निर्माण को किसी भी स्थिति में बढ़ावा नहीं दिया जा सकता। जहां भी निर्माण नियमों का उल्लंघन सामने आएगा, वहां प्रचलित अधिनियम और नियमों के तहत कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
आगे भी जारी रहेगी कार्रवाई
एमडीडीए सचिव मोहन सिंह बर्निया ने बताया कि रॉक स्टोन, अपर माल रोड प्रकरण में संबंधित अधिनियम के प्रावधानों के तहत कार्रवाई की गई है। संबंधित पक्ष को अपना पक्ष रखने का अवसर दिया गया था, लेकिन सुनवाई के दौरान संतोषजनक प्रतिउत्तर प्रस्तुत नहीं किया गया। इसके बाद ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की गई।
उन्होंने कहा कि प्राधिकरण का उद्देश्य विकास क्षेत्र में कानून और निर्धारित मानकों का निष्पक्ष रूप से पालन कराना है। बिना स्वीकृति या स्वीकृत मानचित्र के विपरीत किए जा रहे निर्माण के खिलाफ कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।
एमडीडीए ने निर्माणकर्ताओं से अपील की है कि भवन निर्माण शुरू करने से पहले सभी आवश्यक स्वीकृतियां प्राप्त करें और स्वीकृत मानचित्र के अनुरूप ही निर्माण करें।



