कैबिनेट के बड़े फैसले: नैचुरल गैस सस्ती, कलाकारों की पेंशन दोगुनी, सेब उत्पादकों व डॉक्टरों को राहत

देहरादून। राज्य मंत्रिमंडल की बैठक में जनहित, औद्योगिक विकास, स्वास्थ्य, संस्कृति और प्रशासनिक सुधारों से जुड़े कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। इन फैसलों से जहां आम जनता को राहत मिलेगी, वहीं निवेश, रोजगार और सेवाओं की गुणवत्ता में भी सुधार होगा।
नैचुरल गैस पर वैट में बड़ी कटौती
20% से घटाकर 5% किया गया वैट
राज्य में हरित एवं स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा देने के उद्देश्य से कैबिनेट ने बड़ा निर्णय लेते हुए पीएनजी एवं सीएनजी पर लगने वाले वैट को 20 प्रतिशत से घटाकर 5 प्रतिशत कर दिया है।
इससे पर्यावरण अनुकूल औद्योगिक इकाइयों की स्थापना को प्रोत्साहन मिलेगा और कर संवर्द्धन की संभावनाएं भी बढ़ेंगी।
आपदा प्रभावित सेब उत्पादकों को राहत
धराली क्षेत्र के सेब का समर्थन मूल्य तय
उत्तरकाशी जनपद के धराली एवं आसपास के आपदा प्रभावित क्षेत्रों के सेब उत्पादकों को राहत देते हुए कैबिनेट ने मुख्यमंत्री की घोषणा को अनुमोदन प्रदान किया।
इसके तहत—
- रॉयल डिलीशियस सेब ₹51 प्रति किलोग्राम
- रेड डिलीशियस एवं अन्य सेब ₹45 प्रति किलोग्राम
(ग्रेड-सी सेब को छोड़कर)
की दर से उपार्जन उद्यान एवं खाद्य प्रसंस्करण विभाग द्वारा किया जाएगा। इसकी धनराशि घोषणा मद से वहन की जाएगी।
कलाकारों और लेखकों की पेंशन दोगुनी
₹3000 से बढ़ाकर ₹6000 प्रतिमाह
प्रदेश की लोक संस्कृति, गीत-संगीत, नृत्य और साहित्य को संरक्षित रखने वाले वृद्ध एवं विपन्न कलाकारों तथा लेखकों को बड़ी राहत मिली है।
कैबिनेट ने उत्तराखण्ड वृद्ध एवं विपन्न कलाकार एवं लेखक पेंशन (संशोधन) नियमावली, 2025 को मंजूरी देते हुए मासिक पेंशन ₹3000 से बढ़ाकर ₹6000 कर दी है।
भवन मानचित्र स्वीकृति होगी आसान
लो-रिस्क भवनों को मिलेगी स्वप्रमाणन की सुविधा
भारत सरकार की Ease of Doing Business (EoDB) पहल के तहत भवन मानचित्र स्वीकृति प्रक्रिया में संशोधन को कैबिनेट ने मंजूरी दी।
अब सिंगल रेसिडेंशियल हाउस और छोटे व्यावसायिक भवन जैसे न्यून जोखिम श्रेणी के निर्माणों के नक्शे इंपैनल्ड आर्किटेक्ट द्वारा स्वप्रमाणित किए जा सकेंगे।
औद्योगिक विकास नियमों में संशोधन
MSME यूनिट्स को मिलेगा अतिरिक्त ग्राउंड कवरेज
व्यापार सुगमता बढ़ाने और अनुपालन बोझ कम करने के उद्देश्य से कैबिनेट ने
उत्तराखण्ड सामान्य औद्योगिक विकास नियंत्रण (संशोधन) विनियमावली, 2025 को स्वीकृति दी।
इसके तहत एमएसएमई और औद्योगिक इकाइयों के ग्राउंड कवरेज को बढ़ाया गया है।
बांस एवं रेशा विकास परिषद का पुनर्गठन
13 पदों का संशोधित ढांचा स्वीकृत
उत्तराखण्ड बांस एवं रेशा विकास परिषद की परियोजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन हेतु संगठनात्मक ढांचे के पुनर्गठन को कैबिनेट ने मंजूरी दी।
परिषद में 13 तकनीकी एवं व्यावसायिक पदों को आउटसोर्सिंग के अनुरूप संशोधित किया गया है।
वर्कचार्ज कर्मियों को पेंशन लाभ
सेवा अवधि को पेंशन में जोड़ा जाएगा
सिंचाई एवं लोक निर्माण विभाग के वर्कचार्ज कार्मिकों को राहत देते हुए उनकी वर्कचार्ज सेवा अवधि को पेंशन हेतु आगणित करने का निर्णय लिया गया।
आयुष्मान योजना पर बड़ा फैसला
इंश्योरेंस और ट्रस्ट का हाइब्रिड मॉडल लागू
राज्य में आयुष्मान भारत एवं अटल आयुष्मान योजना को 100% इंश्योरेंस मोड में संचालित किया जाएगा, जबकि गोल्डन कार्ड योजना हाइब्रिड मोड में चलेगी।
- ₹5 लाख तक का क्लेम — इंश्योरेंस मोड
- ₹5 लाख से अधिक — ट्रस्ट मोड
राज्य सरकार द्वारा लगभग ₹125 करोड़ का बकाया वहन किया जाएगा।
चिकित्सा शिक्षा सेवा नियमों में संशोधन
प्रोफेसर की उम्र सीमा 62 वर्ष
कैबिनेट ने उत्तराखण्ड चिकित्सा शिक्षा सेवा (संशोधन) नियमावली, 2025 को मंजूरी दी।
इसके तहत प्रोफेसर एवं एसोसिएट प्रोफेसर की नियुक्ति आयु सीमा 50 से बढ़ाकर 62 वर्ष कर दी गई है।
इसके अलावा स्वामी राम कैंसर संस्थान, हल्द्वानी के लिए 4 नए पद सृजित किए गए हैं।
मेडिकल कॉलेज श्रीनगर के 277 कर्मियों का मामला
समान कार्य–समान वेतन पर उपसमिति को भेजा प्रस्ताव
राजकीय मेडिकल कॉलेज, श्रीनगर में कार्यरत 277 संविदा, दैनिक वेतन एवं प्रबंधन समिति कर्मियों को समान कार्य–समान वेतन देने का मामला मंत्रिमंडलीय उपसमिति को भेजा गया है।
दुर्गम क्षेत्रों में डॉक्टरों को 50% अतिरिक्त भत्ता
पर्वतीय अस्पतालों में सेवा को मिलेगा प्रोत्साहन
पर्वतीय, दुर्गम एवं अति दुर्गम क्षेत्रों में कार्यरत विशेषज्ञ चिकित्सकों को सेवाएं सुनिश्चित करने के उद्देश्य से 50 प्रतिशत अतिरिक्त भत्ता देने का निर्णय लिया गया है।
यह भत्ता पेंशन में शामिल नहीं होगा और केवल क्लीनिकल कार्यरत विशेषज्ञों को ही देय होगा।
देहरादून प्रेस क्लब को मिलेगा स्थायी समाधान
परेड ग्राउंड की भूमि सूचना विभाग को हस्तांतरित
प्रमुख सचिव आर. मीनाक्षी सुंदरम ने बताया कि मुख्यमंत्री के निर्देश पर परेड ग्राउंड स्थित प्रेस क्लब की भूमि को सूचना विभाग को हस्तांतरित किया जाएगा।
भूमि हस्तांतरण के बाद सूचना विभाग द्वारा प्रेस क्लब का नया भवन निर्मित किया जाएगा।



