ऋषिकेश में अंतर्राष्ट्रीय योग महोत्सव-2026 का भव्य समापन, विश्व को दिया योग और आध्यात्म का संदेश
राज्यपाल गुरमीत सिंह ने योग को जीवनशैली बनाने का किया आह्वान, 2500 से अधिक साधकों की भागीदारी से गूंजा ऋषिकेश

टिहरी गढ़वाल/ऋषिकेश, 22 मार्च 2026। देवभूमि उत्तराखण्ड के आध्यात्मिक केंद्र ऋषिकेश में आयोजित अंतर्राष्ट्रीय योग महोत्सव-2026 का रविवार को भव्य समापन हुआ। इस अवसर पर उत्तराखण्ड के राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (सेवानिवृत्त) ने मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की और योग को जन-जन तक पहुंचाने का आह्वान किया।
पर्यटन विभाग एवं गढ़वाल मंडल विकास निगम के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित इस सप्ताहभर के महोत्सव में देश-विदेश से आए 2500 से अधिक योग साधकों ने सहभागिता कर योग और आध्यात्म का अद्भुत संगम प्रस्तुत किया।
राज्यपाल ने अपने संबोधन में कहा कि यह केवल एक समापन नहीं, बल्कि एक नए संकल्प की शुरुआत है, जिसके माध्यम से योग का संदेश पूरी मानवता तक पहुंचाना है। उन्होंने कहा कि हिमालय की गोद और गंगा तट पर बसे ऋषिकेश से विश्वभर में आध्यात्मिक चेतना का संचार होता है।
उन्होंने योग को शरीर, मन और आत्मा के संतुलन का माध्यम बताते हुए कहा कि इसे दैनिक जीवन में अपनाना समय की आवश्यकता है। कोविड-19 महामारी का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि वैश्विक संकट ने स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाई है, और योग-आयुर्वेद इस दिशा में प्रभावी उपाय हैं।
राज्यपाल ने युवाओं को “अमृत पीढ़ी” बताते हुए योग को अपनाने और इसे जन-आंदोलन बनाने की अपील की। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व का उल्लेख करते हुए कहा कि आज योग वैश्विक स्तर पर भारत की ‘सॉफ्ट पावर’ के रूप में स्थापित हो चुका है।
समापन समारोह में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले योगाचार्यों को सम्मानित किया गया, वहीं देव संस्कृति विश्वविद्यालय के विद्यार्थियों ने आकर्षक योग प्रदर्शन कर दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया।
इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल, स्वामी अवधेशानंद गिरी, नरेंदरजीत सिंह बिंद्रा, स्वामी प्रेम बाबा सहित कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।



